BIG NEWS
- बिहार में आतिशबाजी फैक्ट्री में भीषण धमाका, कई लोगों के हताहत होने की आशंका
- दिल्ली हाईकोर्ट से आईसा अध्यक्ष नेहा बोरा को झटका, ₹10,000 के शांति बांड नोटिस को रद्द करने से इनकार
- उपमुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने पोलिश प्रतिनिधिमंडल के साथ व्यापारिक संभावनाओं पर की चर्चा
- पीलीभीत में 10,470 फर्जी मतदाता प्रविष्टियां उजागर; तीन अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज
- कैबिनेट सचिवालय ने चुनाव आयुक्तों की शिकायतों पर कार्रवाई से किया इनकार
- मुंबई की धुंध के आगे फीकी पड़ी दिल्ली, हाई कोर्ट ने अधिकारियों से पूछा- चैन की नींद कैसे आ रही है?
- 'वोट चोरी' के खिलाफ INDIA गठबंधन की ऑनलाइन बैठक, 1 नवंबर की रैली की रणनीति तय
- तिरंगे और प्रोटेस्ट फोटो पर विवाद: प्रियंका गांधी के बेटे की कलाकृतियां शो से पहले हटाई गईं
- डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने रद्द किए 3 लाख से अधिक अमेरिकी वीजा, सख्त आव्रजन कार्रवाई जारी
- परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड: सीबीआई ने संभाली जांच, पंजाब के मानसा पहुंची विशेष टीम
महर्षि आश्रम जमीन घोटाले की रिपोर्ट पार्टी हाईकमान तक पहुंची, नेताओं की बढ़ सकती हैं मुश्किलें
Public Lokpal
June 09, 2026
महर्षि आश्रम जमीन घोटाले की रिपोर्ट पार्टी हाईकमान तक पहुंची, नेताओं की बढ़ सकती हैं मुश्किलें
ग़ाज़ियाबाद : नोएडा में महर्षि आश्रम की करोड़ों रुपये की जमीन की फर्जी खरीद-फरोख्त और 20 हजार से अधिक अवैध फ्लैटों के निर्माण के मामले ने राजनीतिक रंग पकड़ लिया है। सूत्रों के मुताबिक गौतमबुद्धनगर और गाजियाबाद के कुछ प्रमुख नेताओं की भूमिका को लेकर तैयार रिपोर्ट पार्टी हाईकमान तक पहुंचा दी गई है।
ईडी और एसआईटी की जांच में फर्जी संस्था बनाकर महर्षि ट्रस्ट की जमीन बेचने, नकली बोर्ड रेजोल्यूशन, फर्जी प्राधिकरण पत्र और जाली मुहरों के इस्तेमाल का खुलासा हुआ है। जांच एजेंसियां अधिकारियों और राजनीतिक संरक्षण के आरोपों की भी पड़ताल कर रही हैं।
बताया जा रहा है कि नोएडा के भंगेल, सलारपुर, गेझा तिलपताबाद और हाजीपुर क्षेत्र में हजारों करोड़ रुपये का अवैध कारोबार हुआ। वहीं, दिसंबर 2025 में गेझा तिलपताबाद की 33.61 करोड़ रुपये सर्किल रेट वाली जमीन को महज 16 करोड़ रुपये में बेचे जाने का मामला भी जांच के केंद्र में है।
ईडी अब तक दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि प्राधिकरण ने कई खसरा नंबरों पर जमीन खरीदने से लोगों को आगाह किया है। आने वाले दिनों में यह मामला प्रदेश की राजनीति में बड़ा मुद्दा बन सकता है।




.jpeg)
.jpeg)

.jpeg)



