BIG NEWS
- अयोध्या बार ने चंपत राय से शहर छोड़ने को कहा, राम मंदिर में चोरी के आरोपी का केस लड़ने से किया इनकार
- 'आखिरी समय सीमा' खत्म, 5 जुलाई को घर खाली कर सकती हैं राबड़ी
- राम मंदिर चंदा विवाद: SC ने निष्पक्ष जांच की मांग वाली याचिका पर तुरंत सुनवाई से किया इनकार
- जनता दर्शन में शिकायतों के समाधान पर नजर रखें अधिकारी, योगी ने सुनाया फरमान
- राम मंदिर दान चोरी मामले में पुलिस ने गहने और नकदी किए ज़ब्त; वकीलों ने भी आरोपियों का केस लड़ने से किया इनकार
- क्या अपने पिता के अंतिम संस्कार में पहली बार सबके सामने आएंगे मोजतबा खामेनेई ?
- जल्द ही इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लेंगे इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स
- जम्मू-कश्मीर के रियासी में CISF जवानों को ले जा रही बस पलटी; 9 घायल
- सिक्किम में भारी बारिश से पुल बहा, सड़क संपर्क भी टूटा
- पुणे के किले में क्या हुआ था? पुलिस ने सिया के साथ केतन की हत्या की घटना को फिर से दोहराया
यूपी चुनाव 2027 में राजनीतिक विरासत की तैयारी तेज! बीजेपी में ‘नई पीढ़ी बनाम पुराने समीकरण’ में जबरदस्त मुक़ाबला
Public Lokpal
June 08, 2026
यूपी चुनाव 2027 में राजनीतिक विरासत की तैयारी तेज! बीजेपी में ‘नई पीढ़ी बनाम पुराने समीकरण’ में जबरदस्त मुक़ाबला
नई दिल्ली: 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव के लिए बीजेपी में राजनीतिक विरासत की तैयारी तेज हो गई है। यूपी विधानसभा चुनाव से पहले कई दिग्गज नेताओं के बेटे-बेटियां टिकट की दौड़ में शामिल हैं। कई दिग्गज और वरिष्ठ नेताओं (जैसे राजनाथ सिंह और रीता बहुगुणा जोशी) के बेटे-बेटियों ने अपनी राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने के लिए सक्रियता शुरू कर दी है, जिससे पार्टी के भीतर टिकट के समीकरण और दावेदारियों का नया दौर शुरू हो गया है।
एक तरफ जहां रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के बेटे नीरज सिंह की लखनऊ पूर्व से दावेदारी की चर्चा जोरों पर है। वहीं जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के बेटे अभिनव सिन्हा गाजीपुर सदर से उम्मीदवार हो सकते हैं।
विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना के बेटे करण महाना महाराजपुर में सक्रिय हैं।
झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार की बेटी श्रुति गंगवार बहेड़ी सीट से दावेदारी पेश कर रही हैं।
बीजेपी नेता व पूर्व सांसद बृज भूषण शरण सिंह की बेटी शालिनी सिंह नोएडा की राजनीति में सक्रियता बढ़ा रहीं हैं।
पूर्व मंत्री रीता बहुगुणा जोशी के बेटे मयंक जोशी की भी टिकट पर नजर है।
वहीं पूर्व सांसद संजय सिंह की बेटी आकांक्षा सिंह अमेठी में जनसंपर्क अभियान में जुटीं हुईं हैं।
हालांकि टिकट पर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है, लेकिन नेताओं के उत्तराधिकारियों ने चुनावी जमीन तैयार करनी शुरू कर दी है।
जनसंपर्क, सामाजिक कार्यक्रमों और संगठनात्मक गतिविधियों में बढ़ी हुई सक्रियता देखने को मिल रही है।
यूपी चुनाव 2027 में भाजपा में "नई पीढ़ी बनाम पुराने समीकरण" का दिलचस्प मुकाबला देखने को मिल सकता है।



