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संसदीय समिति की सिफारिश: 20 वर्ष और उससे अधिक आयु के सभी लोगों के लिए अनिवार्य किडनी टेस्ट
Public Lokpal
August 13, 2026
संसदीय समिति की सिफारिश: 20 वर्ष और उससे अधिक आयु के सभी लोगों के लिए अनिवार्य किडनी टेस्ट
एक संसदीय समिति ने देश में क्रोनिक किडनी रोग (CKD) के बढ़ते मामलों से निपटने के लिए 20 वर्ष और उससे अधिक आयु के सभी नागरिकों के लिए हर छह महीने में अनिवार्य किडनी फंक्शन टेस्ट (KFT) कराने की सिफारिश की है।
स्वास्थ्य और परिवार कल्याण संबंधी संसदीय स्थायी समिति की इस रिपोर्ट में उन्नत किडनी विफलता के इलाज के बजाय जल्द रोकथाम और शुरुआती पहचान पर जोर दिया गया है।
भारत में हर साल लगभग 2.2 लाख नए किडनी रोगी सामने आते हैं, जिसके कारण हर साल करीब 3.4 करोड़ डायलिसिस सत्रों की आवश्यकता होती है।
इन परीक्षणों को सुलभ बनाने के लिए समिति ने सुझाव दिया है कि एनपी-एनसीडी (NP-NCD) कार्यक्रम के तहत ये जांचें गरीबों के लिए मुफ्त और अन्य लोगों के लिए मामूली शुल्क पर उपलब्ध कराई जाएं।
इसके अलावा, लैब्स को सीरम क्रिएटिनिन जांच के साथ स्वचालित रूप से eGFR रिपोर्ट देना अनिवार्य करने और उच्च जोखिम वाले समूहों की सालाना विशेष जांच की सिफारिश भी की गई है।




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