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18 साल के ड्रॉपआउट का खुलासा: AI से रचा 64 करोड़ रुपये का साइबर ठगी का नेटवर्क
Public Lokpal
July 22, 2026
18 साल के ड्रॉपआउट का खुलासा: AI से रचा 64 करोड़ रुपये का साइबर ठगी का नेटवर्क
सूरत पुलिस की साइबर क्राइम सेल ने कानपुर से 11वीं कक्षा के 18 वर्षीय ड्रॉपआउट रोहित वीरेंद्रसिंह शाक्य को गिरफ्तार किया है। उस पर AI की मदद से देशभर में 64.38 करोड़ रुपये से अधिक की साइबर ठगी का नेटवर्क चलाने का आरोप है।
16 साल की उम्र में कोडिंग सीखने वाले शाक्य ने AI टूल्स का इस्तेमाल करके बैंकों, सरकारी पोर्टलों और RTO सेवाओं से मिलते-जुलते 121 फर्जी एंड्रॉइड ऐप्स (APK) बनाए। वह इन ऐप्स को जामताड़ा, हरियाणा और राजस्थान के साइबर अपराधियों को ₹15,000 प्रति माह के किराए पर देता था।
इस मालवेयर ने 21,000 से अधिक फोन को प्रभावित किया, जिससे अपराधी वास्तविक समय में OTP और बैंकिंग क्रेडेंशियल चुरा लेते थे। इससे 54,000 से अधिक फर्जी लेनदेन हुए।
सूरत के एक नागरिक द्वारा "PNB One" फर्जी ऐप से ₹5 लाख गंवाने के बाद जांच शुरू हुई, जिसके डिजिटल सुराग पुलिस को कानपुर तक ले गए।










