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झारखंड: रांची के बाद बोकारो में बर्ड फ्लू फैलने की खबर
Public Lokpal
March 09, 2025
झारखंड: रांची के बाद बोकारो में बर्ड फ्लू फैलने की खबर
बोकारो: झारखंड के बोकारो जिले में बर्ड फ्लू फैलने की खबर मिली है। करीब एक महीने पहले इस बीमारी के कारण रांची में 5,500 पक्षियों को मारा गया था। रविवार को एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि एवियन इन्फ्लूएंजा के H5N1 स्ट्रेन के कारण होने वाले इस प्रकोप की आधिकारिक पुष्टि 7 मार्च को हुई थी, जब केंद्र ने झारखंड के मुख्य सचिव को एक पत्र जारी किया था।
यह प्रकोप बोकारो के सेक्टर 12 में एक सरकारी पोल्ट्री फार्म में पाया गया, जहां करीब 250 पक्षी पहले ही मर चुके हैं।
केंद्रीय मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय द्वारा राज्य को बर्ड फ्लू के प्रसार को रोकने के लिए सभी उपाय करने के लिए कहने के बाद बोकारो प्रशासन ने शनिवार को 46 पक्षियों को मार डाला और 506 अंडों को नष्ट कर दिया। इसमें संक्रमित और निगरानी क्षेत्रों की घोषणा, प्रभावित परिसरों में प्रवेश प्रतिबंधित करना और पक्षियों को मारना शामिल है।
बोकारो पशुपालन अधिकारी डॉ. मनोज मणि ने पीटीआई को बताया, "फार्म में बचे 46 पक्षियों को मार दिया गया और 506 अंडे तथा 1,717 किलोग्राम पोल्ट्री फीड नष्ट कर दिया गया। पूरे फार्म को सैनिटाइज किया गया।"
उन्होंने कहा कि भूकंप के केंद्र के एक किलोमीटर के दायरे में आने वाले क्षेत्र को प्रभावित क्षेत्र घोषित किया गया है और इस क्षेत्र में आने वाले पक्षियों को मार दिया जाएगा।
मणि ने कहा, "इसके अलावा, 10 किलोमीटर के दायरे को निगरानी क्षेत्र घोषित किया गया है, जहां पोल्ट्री की बिक्री और खरीद पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। आज से जागरूकता अभियान शुरू होगा।"
सरकारी पोल्ट्री फार्म के प्रभारी डॉ. अनिल कुमार सिन्हा ने बताया कि पहली मौत 20 फरवरी को हुई थी। उन्होंने कहा, "23 फरवरी को 12 पक्षियों की मौत हुई थी और हमने शुरुआती नमूने 25 फरवरी को रांची और 27 फरवरी को कोलकाता भेजे थे। कोलकाता स्थित प्रयोगशाला के निर्देशों के बाद हमने नमूने 5 मार्च को भोपाल स्थित प्रयोगशाला को भेजे।"
भोपाल स्थित आईसीएआर-राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशु रोग संस्थान (एनआईएचएसएडी) ने 7 मार्च को एच5एन1 की मौजूदगी की पुष्टि की।
सिन्हा ने बताया कि फार्म में मौजूद 300 पक्षियों में से करीब 250 की मौत 15 दिनों के भीतर हो गई।
इससे पहले फरवरी में रांची के बिरसा कृषि विश्वविद्यालय (बीएयू) के पोल्ट्री फार्म में बर्ड फ्लू का प्रकोप सामने आया था, जहां 5,488 पक्षियों को मार दिया गया था।




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