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तरुण तेजपाल ने गोवा अदालत में किया आत्मसमर्पण, बरी होने का फैसला पलटने के बाद जेल भेजे गए
Public Lokpal
September 14, 2026
तरुण तेजपाल ने गोवा अदालत में किया आत्मसमर्पण, बरी होने का फैसला पलटने के बाद जेल भेजे गए
तहलका के पूर्व प्रधान संपादक तरुण तेजपाल ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा आत्मसमर्पण से छूट देने से इनकार करने के बाद गोवा के मापुसा स्थित अतिरिक्त सत्र न्यायालय के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। इसके बाद उन्हें उत्तरी गोवा के कोलवाले केंद्रीय जेल भेज दिया गया, जहां वे अपनी दस साल की सजा काटेंगे।
यह मामला नवंबर 2013 का है, जब गोवा के एक रिसॉर्ट के लिफ्ट के भीतर एक सहकर्मी पर यौन हमले की घटना हुई थी। निचली अदालत ने मई 2021 में तेजपाल को बरी कर दिया था। हालांकि, बॉम्बे हाईकोर्ट की गोवा पीठ ने उस फैसले को पलटते हुए उन्हें बलात्कार और गलत तरीके से रोकने का दोषी ठहराया।
हाईकोर्ट के इस फैसले को चुनौती देते हुए तेजपाल ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था और आत्मसमर्पण से राहत की मांग की थी। शीर्ष अदालत ने उनकी याचिका खारिज कर दी और आदेश दिया कि वे औपचारिक सुनवाई से पहले आत्मसमर्पण का प्रमाण पत्र पेश करें।





