post
post
post
post
post
post
post
post
post
post
BIG NEWS

सपा सांसद के बयान पर कांग्रेस सपा गठबंधन में सीटों के बंटवारे को लेकर खींचतान

Public Lokpal
October 04, 2026

सपा सांसद के बयान पर कांग्रेस सपा गठबंधन में सीटों के बंटवारे को लेकर खींचतान


नई दिल्ली: समाजवादी पार्टी (सपा) सांसद शिवपाल सिंह पटेल के उस बयान ने, जिसमें उन्होंने राहुल गांधी के 2024 के लोकसभा चुनावों में रायबरेली से चुनाव लड़ने को लेकर उन्हें "ड डरा हुआ" बताया था, विपक्षी 'इंडिया' गठबंधन के भीतर अंदरूनी तनाव को सतह पर ला दिया है। इस तरह के बयानों से आगामी चुनावों में सीटों के बंटवारे और रणनीतिक तालमेल पर गहरा असर पड़ सकता है:

सख्त सौदेबाजी की स्थिति: सपा सांसद का यह दावा कि कांग्रेस को उत्तर प्रदेश में करीब 50 सीटों तक सीमित रहना चाहिए और अधिक मांग नहीं करनी चाहिए, गठबंधन के भीतर सत्ता के संतुलन को साफ तौर पर दर्शाता है। इससे कांग्रेस के लिए अपनी सीटों की संख्या बढ़ाना कठिन हो जाएगा।

पारस्परिक भरोसे में कमी: राष्ट्रीय नेतृत्व की नीयत या उनके फैसलों पर सार्वजनिक रूप से सवाल उठाना जमीनी कार्यकर्ताओं का मनोबल कमजोर करता है और जनता के बीच विपक्ष की एकजुटता के संदेश को धूमिल करता है।

जवाबी बयानबाजी: कांग्रेस नेताओं की तरफ से सपा नेतृत्व को अपनी पार्टी के सांसदों को "काबू में रखने" की चेतावनी यह दिखाती है कि कांग्रेस खुद को कमजोर या कमतर दिखाने के लिए तैयार नहीं है। इस तरह की बयानबाजी से दोनों दलों के बीच दूरियां बढ़ सकती हैं।

दबाव की रणनीति: इसके साथ ही, यह बयान सपा द्वारा आगामी चुनावों से ठीक पहले कांग्रेस पर दबाव बनाने की एक सोची-समझी रणनीति भी हो सकती है, ताकि वे अपनी शर्तों पर सीट समझौते के लिए मजबूर कर सकें।

अंततः, दोनों दल यह अच्छी तरह समझते हैं कि भाजपा का मुकाबला करने के लिए आपसी एकता जरूरी है। ऐसे में, अखिलेश यादव और कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व को मिलकर इस अविश्वास को जल्द दूर करना होगा।

NEWS YOU CAN USE

Big News

post
post
post
post
post
post
post
post
post
post
post
post

Advertisement

Videos you like

Watch More