क्या है स्वतंत्रता दिवस के भाषण में PM मोदी द्वारा घोषित ‘सप्तधारा’? जानें

Public Lokpal
August 15, 2026

क्या है स्वतंत्रता दिवस के भाषण में PM मोदी द्वारा घोषित ‘सप्तधारा’? जानें


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने स्वतंत्रता दिवस के संबोधन के दौरान वर्ष 2047 तक 'विकसित भारत' (Viksit Bharat) के लक्ष्य को हासिल करने के लिए 'शक्ति की सप्तधारा' (Saptadhara) नाम से एक नई सुधार रूपरेखा (Reform Framework) की घोषणा की है।

प्राचीन काल की 'सप्त सिंधु' (सात नदियों) की अवधारणा से प्रेरणा लेते हुए पीएम मोदी ने देश की प्रगति को तीव्र गति देने के लिए 7 प्रमुख क्षेत्रों (धाराओं) का-साझा किया है।

सप्तधारा के 7 प्रमुख स्तंभ

1. विनिर्माण शक्ति (Manufacturing Power)

फोकस: भारत को एक भरोसेमंद और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) हब बनाना।

मुख्य विवरण: इसमें प्रारंभिक डिजाइन और कच्चे माल से लेकर तैयार उत्पादों तक पूरी वैल्यू चेन को घरेलू स्तर पर विकसित करने पर जोर दिया गया है। 'जीरो-डिफेक्ट' (शून्य-त्रुटि) और उच्च गुणवत्ता वाले उत्पादों के साथ वैश्विक बाजार में प्रतिस्पर्धा करना इसका मुख्य लक्ष्य है।

2. कृषि और खाद्य प्रसंस्करण (Agriculture and Food Processing)

फोकस: भारत को दुनिया का 'फूड पावरहाउस' बनाना।

मुख्य विवरण: कृषि विकास को सीधे तौर पर निर्यात की संभावनाओं से जोड़ना, कृषि उत्पादों में मूल्यवर्धन (Value Addition) को अधिकतम करना और किसानों के लिए नए वैश्विक बाजार के अवसर खोलना।

3. प्रौद्योगिकी और नवाचार (Technology and Innovation)

फोकस: तकनीकी क्षमताओं को मजबूत करना ताकि नवाचार (Innovation) विकास का मुख्य इंजन बने।

मुख्य विवरण: महत्वपूर्ण और उभरते हुए क्षेत्रों में आत्मनिर्भरता सुनिश्चित करने के लिए स्वदेशी अनुसंधान, तकनीकी बुनियादी ढांचे और डिजिटल प्रगति को सशक्त बनाना।

4. गति शक्ति (इन्फ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी)

फोकस: विश्व स्तरीय, हाई-स्पीड मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी का निर्माण करना।

मुख्य विवरण: लॉजिस्टिक्स लागत को काफी हद तक कम करने और राष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देने के लिए वस्तुओं, सेवाओं और लोगों की तेज आवाजाही सुनिश्चित करना।

5. रक्षा शक्ति और आत्मनिर्भर रक्षा (Defence Shakti)

फोकस: आत्मनिर्भरता के माध्यम से पूर्ण रणनीतिक स्वायत्तता और राष्ट्रीय सुरक्षा प्राप्त करना।

मुख्य विवरण: घरेलू रक्षा उत्पादन को व्यापक स्तर पर बढ़ाना ताकि बदलती वैश्विक परिस्थितियों और अनिश्चितताओं के बीच देश की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

6. ग्रीन इकोनॉमी और ब्लू इकोनॉमी

फोकस: भूमि और समुद्री दोनों क्षेत्रों में टिकाऊ (Sustainable) विकास को बढ़ावा देना।

मुख्य विवरण: स्वच्छ ऊर्जा और हरित बदलाव के साथ-साथ भारत की विशाल तटरेखा और समुद्री संपदा का बेहतर उपयोग करना। इसमें तटीय और मछुआरा समुदायों को वैश्विक व्यापार तथा समुद्री खाद्य (सीफूड) निर्यात अवसरों से जोड़ना शामिल है।

7. भारत की सॉफ्ट पावर (Soft Power)

फोकस: वैश्विक स्तर पर भारत के सांस्कृतिक, रचनात्मक और कूटनीतिक प्रभाव का विस्तार करना।

मुख्य विवरण: योग और आयुर्वेद (हीलिंग इंडिया आंदोलन के माध्यम) के साथ-साथ फिल्मों, एनिमेशन, वीएफएक्स (VFX), गेमिंग, डिजिटल कंटेंट, हस्तशिल्प और WAVES (विश्व ऑडियो विजुअल एंड एंटरटेनमेंट समिट) जैसे वैश्विक आयोजनों के जरिए देश की रचनात्मक अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाना।

प्रधानमंत्री मोदी ने इसे 'रिफॉर्म एक्सप्रेस' का नाम देते हुए कहा कि जो काम पिछले 5-7 दशकों में नहीं हो सके, उन्हें इस 'सप्तधारा' की ताकत से अगले 5 से 7 वर्षों में पूरा किया जाएगा। इसके लिए पारंपरिक प्रणालियों, कार्य संस्कृति और सोच में बड़े बदलाव लाने की आवश्यकता है।