निर्वासन समाप्त: लगभग दो दशकों के बाद कोलकाता लौटीं तसलिमा नसरीन

Public Lokpal
July 31, 2026
निर्वासन समाप्त: लगभग दो दशकों के बाद कोलकाता लौटीं तसलिमा नसरीन
बांग्लादेश की चर्चित और निर्वासित लेखिका तसलिमा नसरीन लगभग 19 वर्षों के बाद कोलकाता लौट आई हैं। नई दिल्ली से कोलकाता हवाई अड्डे पर उतरने के बाद उन्होंने हाथ जोड़कर अपनी खुशी जाहिर की और कहा, "वापस आकर मुझे बहुत अच्छा लग रहा है।"
तसलिमा को नवंबर 2007 में उग्रवादी समूहों के भारी विरोध के चलते अचानक कोलकाता छोड़ने पर मजबूर किया गया था। इससे पहले वह 1994 में अपने उपन्यास 'लज्जा' को लेकर धमकियों के बाद बांग्लादेश छोड़कर भारत आ गईं थीं और कोलकाता को अपना दूसरा घर मानती थीं।
अपनी इस वापसी को उन्होंने "खुशी और दर्द" का मिलाजुला अनुभव बताया। अपने इस दौरे के दौरान वह रबींद्र सदन में एक साहित्यिक कार्यक्रम में हिस्सा लेंगी, जो निर्वासन के इतने लंबे वर्षों के बाद शहर में उनकी पहली बड़ी सार्वजनिक उपस्थिति होगी।

